
बीकानेर। शहर के सेटेलाइट सिटी हॉस्पिटल में शुक्रवार देर रात बड़ा हादसा होते-होते टल गया। शिशु वार्ड में भर्ती 10 बच्चों में से छह बच्चों को नर्सिंग कर्मी ने सिफोटेक्सिम एंटीबायोटिक इंजेक्शन लगाया। इंजेक्शन लगते ही छह बच्चों की हालत अचानक बिगड़ गई।एक गंभीर बच्चे को पीबीएम अस्पताल रेफर किया गया है। जिला अस्पताल के शिशु वार्ड में भर्ती बच्चों के परिजनों ने बताया कि इंजेक्शन लगते ही बच्चों को उल्टी होने लगी, शरीर अकड़ गया और तेज बुखार चढ़ गया। जैसे ही हालात गंभीर हुए, वार्ड में अफरा-तफरी मच गई। इनमें से एक बच्चे को तुरंत पीबीएम अस्पताल रेफर करना पड़ा। परिजनों ने इस दौरान पुलिस को फोन कर दिया।घटना से गुस्साए परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया। मौके पर पहुंची पुलिस ने परिजनों को शांत करवाया। देर रात जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. सुनील हर्ष मौके पर पहुंचे। उनके साथ शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रवीण चतुर्वेदी और ड्यूटी डॉक्टर भी बुलाए गए। अधीक्षक ने माना कि बच्चों की तबीयत इंजेक्शन रिएक्शन से बिगड़ी थी। हालांकि उन्होंने राहत दी कि अब सभी बच्चों की स्थिति खतरे से बाहर है।
अधीक्षक डॉ हर्ष ने बताया कि इंजेक्शन लगाने के दौरान सिवरिंग हुई थी। मामले की गंभीरता देखते हुए इंजेक्शन के बैच की ड्रग कंट्रोलर से जांच करवाई जाएगी। वहीं, लापरवाह नर्सिंग कर्मी को तुरंत हटा दिया गया है।
इस घटना के बाद परिजनों में भारी आक्रोश है और अस्पताल प्रबंधन पर गंभीर सवाल उठ रहे है।